अपने लिवर को स्वस्थ रखने के लिए अपनाएं हेल्दी लाइफस्टाइल

लुधियाना (विक्रम सैनी) राष्ट्रीय फैटी लिवर दिवस के मौके पर, प्रसिद्ध गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट डॉ. नितिन बहल और फिटनेस विशेषज्ञ श्री शिवा सचदेवा ने लोगो के लिए फिटनेस कक्षाएं और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए।फोर्टिस अस्पताल के गैस्ट्रोएंटेरोलॉजी के अतिरिक्त निदेशक डॉ. नितिन बहल ने कहा कि फैटी लिवर के कारण दुनिया भर में लाखों लोगों प्रभावित होते है। इसे नॉन- अल्कोहलिक फैटी लिवर रोग (एनएएफएलडी) भी कहा जाता है।एनएएफएलडी मतलब कि उन लोगों के लिवर में अत्यधिक वसा जमा होना है जो बहुत कम या बिल्कुल भी शराब नहीं पीते हैं। डॉ. नितिन बहल (एमएसीजी, एमएएसएसजीई) ने बताया कि, इस स्थिति को अगर अनियंत्रित छोड़ दिया जाए, तो यह अधिक गंभीर लिवर रोगों जैसे नॉन-अल्कोहलिक स्टीटोहेपेटाइटिस (एनएएसएच), सिरोसिस और लिवर कैंसर का कारण बन सकती है। नॉरमल ब्लड टेस्ट और नान-इनवेसिव इमेजिंग के साथ-साथ एक हेल्थी लाइफस्टाइल को अपना कर इस बीमारी की गंभीर होने से रोक सकते हैं।श्री शिवा सचदेवा (स्वर्ण पदक विजेता) ने बताया कि स्वस्थ आहार, नियमित व्यायाम, वजन प्रबंधन, शराब से दूर रहकर किस तरह से खुद को स्वस्थ रख सकते हैं। स्वास्थ्य के क्षेत्र से जुड़े होने के कारण हम अपनी सोसाइटी की हेल्दी लाइफ और इसके प्रति उन्हें जागरूक करने के लिए वचनबद्ध है। राष्ट्रीय फैटी लिवर दिवस पर, उन्होंने सभी से एक स्वस्थ जीवन शैली की ओर सक्रिय कदम उठाने का आग्रह किया। इसके प्रति जागरूकता बढ़कर और शुरुआती बीमारी में ही सही इलाज और रहन-सहन को अपना कर हम एनएएफ एलडी का मुकाबला कर सकते हैं और यकृत रोग के बोझ को कम कर सकते हैं। 13 जून को डी’कार्वे फिटनेस स्टूडियो के सहयोग से सुखमनी एन्क्लेव में एक फिटनेस जागरूकता कैंप का आयोजन किया। । फैटी लीवर से बचाव के लिए सभी लोगों के लिए विभिन्न तरह के स्पिनिंग सत्रों का आयोजन किया गया। इस दौरान उन्होंने कार्डियो वैस्कुलर वर्कआउट में भाग लिया जो वसा चयापचय को बढ़ाता है, जबकि पिलेट्स ने कोर ताकत और लचीलेपन बनता है। इन अभ्यासों को मिलाकर, कक्षा ने न केवल एक व्यापक कसरत की पेशकश की, बल्कि लिवर के स्वास्थ्य और पूरे शरीर को स्वस्थ रखने के लिए नियमित शारीरिक गतिविधि के महत्व पर भी प्रकाश डाला। राष्ट्रीय फैटी लिवर दिवस लिवर के स्वास्थ्य के महत्व की याद दिलाता है। जागरूकता, शिक्षा और निवारक उपायों के माध्यम से, हम एनएएफएलडी के खिलाफ लड़ाई में महत्वपूर्ण जीत हासिलकर सकते हैं। आइए स्वस्थ जीवन को बढ़ावा देने और अपने यकृत के स्वास्थ्य की रक्षा करने के लिए मिलकर काम करें।
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